राव भावसिंह हाड़ा

राव भावसिंह हाड़ा | राव शत्रुशाल के ज्येष्ठ पुत्र भाव सिंह का जन्म 28 फरवरी 1624 ई. को हुआ था. औरंगजेब के समय यह शाही तोपखाने का अफसर भी रहा

राव भावसिंह हाड़ा

औरंगजेब ने शत्रुशाल हाड़ा के भाई भगवन्तसिंह को मऊ, बारां आदि परगने देकर बंदी का अलग राजा बना दिया और उसके ज्येष्ठ पुत्र भावसिंह के विरुद्ध, जो बूंदी का शासक बना था, शिवपुर के राजा आत्माराम गौड़ और वरसिंह बुन्देले को भेजा।

यह भी देखे :- राव शत्रुशाल हाड़ा
राव भावसिंह हाड़ा
राव भावसिंह हाड़ा
यह भी देखे :- राव भोज हाड़ा

भगवन्तसिंह की मृत्यु हो गयी और जो सेना भावसिंह के विरुद्ध भेजी थी उसकी खातोली नामक गांव के पास पराजय हुई। उसने भावसिंह को 1658 है में आगरा बुलाया और उसे तीन हजारी जात और दो हजार सवार के मनसब तथा डंका, झण्डा एवं बूंदी को जागीर देकर सम्मानित किया।

इसके अनन्तर उसकी नियुक्ति बागी शुजा के विरुद्ध की। 1660 ई. के चाकण के घेरे में वह राजा जयसिंह की चढ़ाइयों में शाही फौज में सम्मिलित था। 1681 ई. को राव भावसिंह का देहांत हो गया था.

यह भी देखे :- राव सुर्जन हाड़ा

राव भावसिंह हाड़ा FAQ

Q 1. राव भावसिंह के पिताजी का नाम क्या था?

Ans – राव भावसिंह के पिताजी का नाम

Q 2. राव भावसिंह का जन्म कब हुआ था?

Ans – राव भावसिंह का जन्म 28 फरवरी 1624 ई. को हुआ था.

Q 3. राव भावसिंह का देहांत कब हुआ था?

Ans – राव भावसिंह का देहांत 1681 ई. को हुआ था.

आर्टिकल को पूरा पढ़ने के लिए आपका बहुत धन्यवाद.. यदि आपको हमारा यह आर्टिकल पसन्द आया तो इसे अपने मित्रों, रिश्तेदारों व अन्य लोगों के साथ शेयर करना मत भूलना ताकि वे भी इस आर्टिकल से संबंधित जानकारी को आसानी से समझ सके.

यह भी देखे :- नापूजी और उसके उत्तराधिकारी

Follow on Social Media


केटेगरी वार इतिहास


प्राचीन भारतमध्यकालीन भारत आधुनिक भारत
दिल्ली सल्तनत भारत के राजवंश विश्व इतिहास
विभिन्न धर्मों का इतिहासब्रिटिश कालीन भारतकेन्द्रशासित प्रदेशों का इतिहास

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *